पटना। बिहार में आम नागरिकों को सुरक्षित, स्वच्छ एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के उद्देश्य से खाद्य संरक्षा विभाग का जांच अभियान लगातार जारी है। इसी कड़ी में मंगलवार को पटना में विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए बिना वैध खाद्य लाइसेंस के संचालित पवन मिष्ठान से करीब 21,339 किलोग्राम पेड़ा, मिल्क केक और लड्डू जब्त किए। जब्त मिठाइयों की अनुमानित कीमत 23,13,820 रुपये आंकी गई है। निरीक्षण के दौरान प्रतिष्ठान में साफ-सफाई, कर्मचारियों के स्वास्थ्य प्रमाणपत्र, खाद्य सामग्री के भंडारण और पैकेजिंग में गंभीर खामियां भी मिलीं। इसके अलावा सागर स्वीट्स एंड बेकरी और अनित केक बेकरी को खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन पर सुधार नोटिस जारी किया गया, जबकि संजय मिठाई घर को बंद करने का आदेश दिया गया है।
पवन मिष्ठान से 21,339 किलो मिठाइयां जब्त
खाद्य संरक्षा विभाग की टीम ने 3 नवंबर को पटना के बड़ी पहाड़ी, अगमकुआं के समीप संचालित पवन मिष्ठान का निरीक्षण किया। जांच के दौरान सामने आया कि प्रतिष्ठान में मिठाइयों का निर्माण किया जा रहा था, लेकिन संचालक के पास वैध खाद्य लाइसेंस अथवा पंजीकरण उपलब्ध नहीं था। खाद्य संरक्षा पदाधिकारी के नेतृत्व में हुई कार्रवाई के दौरान प्रतिष्ठान से लगभग 4,700 किलोग्राम पेड़ा, 12,000 किलोग्राम से अधिक मिल्क केक और 4,144 किलोग्राम लड्डू जब्त किए गए। इनकी कुल मात्रा लगभग 21,339 किलोग्राम बताई गई है। जब्त मिठाइयों का अनुमानित मूल्य 23,13,820 रुपये है। इसके अलावा निरीक्षण के दौरान 166 किलोग्राम रद्दी मिठाई के टुकड़े और 150 किलोग्राम मिल्क घोल समेत कुल 316 किलोग्राम खाद्य सामग्री मानव उपभोग के लिए अनुपयुक्त पाए जाने पर मौके पर नष्ट कराई गई। जांच में प्रतिष्ठान की साफ-सफाई संतोषजनक नहीं मिली। कर्मचारियों के स्वास्थ्य संबंधी आवश्यक प्रमाणपत्र भी उपलब्ध नहीं थे। खाद्य सामग्री के भंडारण में अनियमितताएं पाई गईं। वहीं, मिठाइयों की पैकेजिंग पर निर्माण तिथि, उपयोग की अंतिम तिथि और बैच संख्या जैसी अनिवार्य जानकारियां भी अंकित नहीं थीं। जब्त सामग्री के मामले में खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत आगे की कार्रवाई की जा रही है।
सागर स्वीट्स एंड बेकरी को 14 दिनों में सुधार का निर्देश
विभाग की टीम ने पटना के आलमगंज क्षेत्र में गांधी सेतु रोड, बजरंगपुरी, गुलजारबाग स्थित मेसर्स सागर स्वीट्स एंड बेकरी का भी निरीक्षण किया। इस दौरान खाद्य पदार्थों के रखरखाव, सुरक्षित भंडारण, साफ-सफाई, तापमान नियंत्रण और कीट नियंत्रण व्यवस्था में कई कमियां पाई गईं। इसके अलावा कर्मचारियों के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य प्रमाणपत्र, कीट नियंत्रण प्रमाणपत्र तथा आवश्यक अभिलेखों के रखरखाव में भी अनियमितताएं सामने आईं। इन कमियों को देखते हुए खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 की धारा 32 के तहत प्रतिष्ठान को सुधार नोटिस जारी किया गया है। संचालक को 14 दिनों के भीतर सभी कमियों को दूर कर अनुपालन का प्रमाण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है।
अनित केक बेकरी को भी सुधार नोटिस
पटना के शिवनगर, जकरियापुर कृष्ण निकेतन स्थित अनित केक बेकरी की जांच के दौरान कर्मचारियों के स्वास्थ्य प्रमाणपत्र और कीट नियंत्रण प्रमाणपत्र उपलब्ध नहीं पाए गए। विभागीय टीम ने इन कमियों को दर्ज करते हुए खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम की धारा 32 के तहत प्रतिष्ठान को सुधार नोटिस जारी किया है। संचालक को निर्धारित समय-सीमा के भीतर जरूरी दस्तावेज उपलब्ध कराने और खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है।
संजय मिठाई घर बंद करने का आदेश, बेसन लड्डू का नमूना जांच के लिए भेजा
खाद्य संरक्षा विभाग की टीम ने पटना के भूतनाथ, बहादुरपुर स्थित संजय मिठाई घर का भी निरीक्षण किया। इस दौरान प्रतिष्ठान में मेटालिन येलो के 30 पैकेट और हाइड्रो के 3 पैकेट पाए गए, जिन्हें मौके पर ही नष्ट करा दिया गया। वहीं, प्रतिष्ठान से बेसन लड्डू का नमूना लेकर जांच के लिए खाद्य प्रयोगशाला भेजा गया है। निरीक्षण के दौरान संचालक के पास वैध खाद्य लाइसेंस से संबंधित अभिलेख उपलब्ध नहीं पाए गए। इसे गंभीर अनियमितता मानते हुए विभाग ने प्रतिष्ठान को बंद करने का आदेश दिया है। खाद्य नमूने की जांच रिपोर्ट आने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
खाद्य सुरक्षा मानकों से समझौता करने वालों पर सख्ती जारी
खाद्य संरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, स्वच्छता और सुरक्षित भंडारण से जुड़े निर्धारित मानकों का पालन सभी खाद्य कारोबारियों के लिए अनिवार्य है। प्रत्येक प्रतिष्ठान के पास वैध खाद्य लाइसेंस अथवा पंजीकरण होना चाहिए। इसके साथ ही कर्मचारियों के स्वास्थ्य प्रमाणपत्र, कीट नियंत्रण से संबंधित अभिलेख और परिसर में साफ-सफाई की समुचित व्यवस्था भी सुनिश्चित करनी होगी। विभाग की ओर से खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच और निगरानी का अभियान आगे भी जारी रहेगा। निर्धारित समय-सीमा में कमियों को दूर नहीं करने और खाद्य सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने वाले कारोबारियों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। विभाग का उद्देश्य आम लोगों तक सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री पहुंचाना और खाद्य कारोबारियों से निर्धारित मानकों का पालन सुनिश्चित कराना है।












